इंदौर
बारिश का मौसम हो और गरमा-गरम समोसे की खुशबू आए, तो किसी का भी मन ललचा सकता है. लेकिन अगर यही लालच चलती ट्रेन को बीच रास्ते में रोकने का हो तो मामला सिर्फ स्वाद का नहीं, बल्कि जिम्मेदारी का बन जाता है. ऐसा ही एक मामला मध्य प्रदेश से आया है. यहां इंदौर और महू के बीच चलने वाली डेमू ट्रेन का एक वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है।
वायरल वीडियो को लेकर दावा किया जा रहा है कि लोको पायलट ने बीच रास्ते में समोसे खरीदने के लिए ट्रेन रोक दी. हालांकि, वीडियो सामने आने के बाद रेलवे प्रशासन ने मामले को गंभीरता से लेते हुए जांच शुरू कर दी है. रेलवे का कहना है कि अगर लोको पायलट की तरफ से बीच रास्ते ट्रेन रोककर अपना पर्सनल कार्य किया गया है तो कड़ी कार्रवाई की जाएगी।
समोसे खरीदने की वजह से लेट हो जाती है ट्रेन
वायरल वीडियो राऊ के रंगवासा रोड क्षेत्र का बताया जा रहा है. स्थानीय लोगों का दावा है कि इंदौर-महू डेमू ट्रेन यहां नियमित रूप से कुछ मिनट के लिए रुकती है. आरोप है कि लोको पायलट ट्रेन से नीचे उतरकर पास की दुकान से समोसे खरीदता है, जिससे ट्रेन करीब 10 मिनट या उससे ज्यादा लेट हो जाती है. इस पूरे घटनाक्रम का वीडियो क्षेत्र के लोगों ने बनाकर सोशल मीडिया पर अपलोड कर दिया, जिसके बाद मामला चर्चा का विषय बन गया।
वहीं इस मामले पर रेलवे के जनसंपर्क अधिकारी मुकेश कुमार ने कहा कि वायरल वीडियो उनके संज्ञान में आया है और इसे वरिष्ठ अधिकारियों को भेज दिया गया है. पूरे मामले की जांच कराई जा रही है. यदि जांच में यह सामने आता है कि लोको पायलट ने बिना किसी अधिकृत कारण, सिग्नल या परिचालन संबंधी आवश्यकता के ट्रेन रोकी और केबिन से उतरकर निजी कार्य किया, तो रेलवे नियमों के अनुसार उसके खिलाफ उचित कार्रवाई की जाएगी. फिलहाल रेलवे जांच रिपोर्ट का इंतजार कर रहा है।


